Month: April 2026

मुख्यमंत्री घोषणाओं पर कड़ी निगरानी: जनहित के कार्यों में समयबद्ध क्रियान्वयन के निर्देश, लापरवाही पर होगी कार्रवाई

कार्यालय, जिला सूचना अधिकारी, पौड़ी गढ़वाल जिलाधिकारी द्वारा मुख्यमंत्री घोषणाओं के विधानसभावार क्रियान्वयन में तेजी लाने के निर्देश, लंबित कार्यों…

आंगनबाड़ी केंद्र श्रीकोट में मनाया गया बालिका जन्मोत्सव, बेटियों के सम्मान का संदेश

कार्यालय, जिला सूचना अधिकारी, पौड़ी गढ़वाल आंगनबाड़ी केंद्र श्रीकोट में मनाया गया बालिका जन्मोत्सव, बेटियों के सम्मान का संदेश सूचना/पौड़ी/01…

आईटी नियम, 2021 के प्रस्तावित संशोधन: डिजिटल स्पेस पर बढ़ता केंद्रीकरण और अभिव्यक्ति की चुनौती

भारत में डिजिटल नियमन के ढांचे में एक महत्वपूर्ण बदलाव प्रस्तावित है। द्वारा में सुझाए गए संशोधनों ने ऑनलाइन सामग्री—विशेषकर…

उत्तराखंड : देहरादून में कैनरा बैंक के प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री से की मुलाकात

उत्तराखंड : देहरादून में कैनरा बैंक के प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री से की मुलाकात उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में कैनरा बैंक…

‘पोषण ट्रैकर’ डिजिटल एप्लिकेशन के ज़रिए आंगनवाड़ी सेवाओं के लिए लगभग वास्तविक समय में डेटा संग्रहण सुगम

PIB Delhi ‘पोषण ट्रैकर’ डिजिटल एप्लिकेशन को आंगनवाड़ी केंद्रों (एडब्ल्यूसी), आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं (एडब्ल्यूडब्ल्यू) और लाभार्थियों की सभी गतिविधियों की निगरानी और…

सरकार मानसिक स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने के लिए राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम कार्यान्वित कर रही है

सरकार ने ‘राष्ट्रीय टेली मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम’ और ‘टेली मानस’ मोबाइल एप्लिकेशन भी लॉन्च किया PIB Delhi मानसिक स्वास्थ्य सेवाओं…

भीख मांगने में लिप्त नाबालिग/बच्चे

भीख मांगने में लिप्त नाबालिग/बच्चे PIB Delhi भारत के रजिस्ट्रार जनरल की वेबसाइट पर उपलब्ध जानकारी के अनुसार, भीख मांगने के कार्य में लगे बच्चों (14 वर्ष तक की आयु) की राज्यवार संख्या का विवरण अनुलग्नक में दिया गया है। ये आंकड़े 2011 की जनगणना पर आधारित हैं। इस उप–योजना की शुरुआत यानी 23.10.2023 से अब तक भीख मांगने में लिप्त पाए गए कुल 2,653 बच्चों का पुनर्वास किया जा चुका है। इनमें से 1,507 बच्चों को उनके माता-पिता या परिवारों से मिला दिया गया है, 305 बच्चों को आंगनवाड़ी केंद्रों से जोड़ा गया है, 206 बच्चों को बाल कल्याण समिति के पास भेजा गया है और 635 बच्चों को स्कूलों में दाखिला दिलाने में सहायता की गई है। चूंकि सामाजिक न्याय और अधिकारिता विभाग पहले से ही भीख मांगने के कृत्य में लगे व्यक्तियों के व्यापक पुनर्वास के लिए एक समर्पित केंद्रीय क्षेत्र योजना लागू कर रहा है, जिसमें नाबालिगों/बच्चों पर विशेष ध्यान दिया गया है, इसलिए फिलहाल किसी नए कानून या योजना को लागू करने की कोई आवश्यकता नहीं प्रतीत होती है। अनुलग्नक राज्य/केंद्र शासित प्रदेश का नाम कुल (0-14 वर्ष) जम्मू और कश्मीर 990 हिमाचल प्रदेश 178 पंजाब…

नशा मुक्त भारत अभियान

नशा मुक्त भारत अभियान PIB Delhi नशामुक्त भारत अभियान (एनएमबीए) को सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग द्वारा 15 अगस्त 2020 को 272 सबसे संवेदनशील चिन्हित जिलों में शुरू…

सरकार ने एनएफडीसी के माध्यम से फिल्म इकोसिस्टम को मजबूत किया, पीपीपी मॉडल और उन्नत फिल्म निर्माण पद्धतियों को बढ़ावा दिया

एनएफडीसी राज्य फिल्म विकास निगमों के साथ मिलकर तकनीकी सहायता प्रदान करके स्थानीय फिल्म सामग्री का संरक्षण करता है PIB…

सरकार ने गलत सूचनाओं का खंडन किया; पीआईबी की फैक्‍ट चेक यूनिट ने 2,900 से अधिक फैक्‍ट चेक जारी किए

सरकार ने गलत सूचनाओं का खंडन किया; पीआईबी की फैक्‍ट चेक यूनिट ने 2,900 से अधिक फैक्‍ट चेक जारी किए…

डिजिटल रेडियो और डायरेक्ट-टू-मोबाइल तकनीकें जनसंचार को बदल रही हैं; ये किफायती मनोरंजन और शिक्षा, तथा सुदृढ़ ज़रूरी संदेशों को पहुँचाने में मदद करती हैं

डिजिटल रेडियो और डायरेक्ट-टू-मोबाइल तकनीकें जनसंचार को बदल रही हैं; ये किफायती मनोरंजन और शिक्षा, तथा सुदृढ़ ज़रूरी संदेशों को…