Category: agro farming sector

घेरबाड़ नीति के प्रभावी क्रियान्वयन के साथ कृषि, उद्यान एवं दुग्ध गतिविधियों को बढ़ावा देने पर जोर, जिलाधिकारी ने दिए निर्देश

कार्यालय, जिला सूचना अधिकारी, पौड़ी गढ़वाल सहभागिता और पारदर्शिता के साथ तैयार होंगे प्रस्ताव, बेहतर क्लस्टरों को उत्पादन के आधार…

स्वयं सहायता समूहों को आर्थिक मजबूती देने की पहल, 21 से 30 सितंबर तक लगेंगे विशेष बैंक ऋण शिविर

कार्यालय, जिला सूचना अधिकारी, पौड़ी गढ़वाल लंबित ऋण आवेदनों के त्वरित निस्तारण और सीसीएल स्वीकृति पर रहेगा विशेष जोर सूचना/पौड़ी/18…

ड्राइविंग छूटी तो सुशील ने टोफू निर्माण को बनाया स्वरोजगार का जरिया

कार्यालय, जिला सूचना अधिकारी, पौड़ी गढ़वाल सरकारी योजना और बैंक ऋण का मिला सहयोग, स्थानीय स्तर पर तैयार कर रहे…

ग्राउंड रियलिटीज का सवाल: नीतियां कितनी पहुंच रहीं हैं गांव और हाशिये के समाज तक?

दून पुस्तकालय में कृषि, पलायन, श्रम, दिव्यांगता और स्थानीय अर्थव्यवस्था पर सार्थक संवाद देहरादून, 10 सितंबर 2026।यूएनएन | Udaen Foundation…

एपीडा ने त्रिपुरा से एनपीओपी प्रमाणित 18 मीट्रिक टन पारंपरिक चावल को ऑस्ट्रिया और नीदरलैंड निर्यात करने में सहायता की

त्रिपुरा से सुगंधित काली खासा, सुगंधित हरिनारायण, बिरोन और मैमी हांगा चावल को यूरोपीय बाजारों में निर्यात के लिए संग्रहित…

खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग से संबंधित विभिन्न मुद्दों पर चर्चा करने के लिए राज्य और केंद्र शासित प्रदेशों के खाद्य सचिवों का सम्मेलन।

नई भंडारण नीति में 131 लाख मीट्रिक टन अतिरिक्त भंडारण क्षमता का प्रावधान। राज्यों को दिसंबर 2026 तक वाहन स्थान…

प्याज की पर्याप्त उपलब्धता: सरकार ने कांदा एक्सप्रेस और सड़क परिवहन के माध्यम से बफर स्टॉक की सुनियोजित और लक्षित…

सरकार ने 15 सितंबर से चीनी व्यापारियों के लिए चीनी स्टॉक रखने की सीमा घटाकर 2,000 क्विंटल कर दी है

नई स्टॉक सीमा का उद्देश्य जमाखोरी तथा सट्टेबाजी पर अंकुश लगाना और चीनी की पर्याप्त उपलब्धता तथा कीमतों में स्थिरता…

राष्ट्रीय जैव-विविधता प्राधिकरण ने जैव-विविधता संरक्षण के लिए पहुँच एवं लाभ-साझाकरण निधि में 5.68 करोड़ रुपये जारी किए

राष्ट्रीय जैव-विविधता प्राधिकरण ने जैव-विविधता संरक्षण के लिए पहुँच एवं लाभ-साझाकरण निधि में 5.68 करोड़ रुपये जारी किए PIB Delhi…

प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना

हर किसान के लिए किफायती फसल बीमा PIB Delhi प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (पीएमएफबीवाई) पूरे देश में सूखे, बाढ़, चक्रवात, ओलावृष्टि, कीटों, बीमारियों, बुआई न हो पाने, स्थानीय…

वाटर-स्मार्ट खेती के साथ प्रति बूंद अधिक फसल

जल दक्षता के माध्यम से भारतीय कृषि में बदलाव PIB Delhi प्रति बूंद अधिक फसल (पीडीएमसी) जल उपयोग दक्षता में सुधार और कृषि उत्पादकता बढ़ाने के लिए बूंद-बूंद सिंचाई को बढ़ावा देती है। इस योजना ने जुलाई 2026 तक, 115 लाख हेक्टेयर से अधिक भूमि को बूंद-बूंद सिंचाई के तहत  लाया है। प्रत्यक्ष लाभ हस्तांतरण और डिजिटल कार्यान्वयन के माध्यम से वित्तीय सहायता ने पारदर्शिता और सस्ती बूंद-बूंद सिंचाई सुविधाओं को किसानों के लिए सुलभ बनाने में सुधार किया है। स्वतंत्र अध्ययनों से उच्च पैदावार, महत्वपूर्ण पानी की बचत, कम खेती लागत और किसानों की आय में वृद्धि दर्ज की गई है। पीडीएमसी पानी की हर बूंद का कुशलतापूर्वक उपयोग करके संसाधन–कुशल, टिकाऊ कृषि को मजबूत कर रहा है। प्रति बूंद अधिक फसल (पीडीएमसी) के साथ सिंचाई दक्षता में सुधार देश के उपलब्ध जल संसाधनों का 80 प्रतिशत से अधिक कृषि सिंचाई के लिए उपयोग किया जाता है। हालांकि, शुद्ध बोए गए क्षेत्र लगभग 50 प्रतिशत हिस्‍सा सिंचाई की सुविधा का लाभ…

सूक्ष्म खाद्य प्रसंस्करण बाजार में बुनियादी नवोन्मेष का उत्सव

भारत के जायकों को मिला नया क्षितिज PIB Delhi इंडिया हैबिटेट सेंटर में, भारत के विविध व्यंजनों की राष्ट्रीय प्रदर्शनी ने…

उत्तराखंड: हरिद्वार रेलवे स्टेशन पर शुरू हुआ विश्वकर्मा दर्जी स्टॉल

सरकार के सूक्ष्म लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय की एक स्टेशन एक उत्पाद योजना के तहत हरिद्वार रेलवे स्टेशन पर…