केंद्र सरकार ने कैबिनेट सचिव की अध्यक्षता में एक समिति बनाने का प्रस्ताव रखा हे जो मुख्या सुचना आयुक्त और सुचना आयुक्त के खिलाफ हुई स्खयोतों की जाँच करेगा
सरकार ने यहा कदम सुप्रीम कोर्ट के उस जवाब में उठाया जिसमे उसने सुचना आयुक्तों के खिलाफ के निपटारे की प्रक्रिया के बारे में पुछ था ना ही टीपंड़ी की थी और नहीं कोई निर्देश जारी किये थे
क्रमिक एवं प्रक्सिशन विभाग की और से भेजे गए इस प्रस्ताव पर २७ मार्च को आयोग की बैठक में मुख्या सुचना आयुक्त सहित उपस्थित थे सभी ने सर्वसमिति से इस प्रस्ताव का विरोध किया
जबकि लोकपाल घटित हो चूका हे जो भ्रस्टाचार की सिख्यतों से निपटने में पूरी तरहं से सक्षम हे
