अभिनय, फोटोग्राफी और निर्देशन के क्षेत्र में कैरियर बनाने के इच्छुक युवाओं को प्रशिक्षण के लिए अब शहरों का रुख नहीं करना पड़ेगा। ये कोर्स युवाओं को कोटद्वार के कण्वघाटी स्थित शाकुंतलम फिल्म एवं टेलीविजन सेंटर में निशुल्क कराए जाएंगे। राष्ट्रीय कौशल विकास काउंसिल (एनएसडीसी) और उत्तराखंड स्किल डेवलपमेंट मिशन (यूकेएसडीएम) ने इंस्टीट्यूट को फोर स्टार कैटेगरी में स्वीकृति प्रदान करते तीनों कोर्सों के संचालन की अनुमति प्रदान कर दी है।
शाकुंतलम फिल्म एवं टेलीविजन इंस्टीट्यूट , कण्वघाटी के प्रबंध निदेशक शिवनारायण सिंह रावत ने यह जानकारी दी है। बताया कि कौशल विकास योजना के तहत क्षेत्र के युवाओं को संस्थान में क्रिएटिव आर्ट का प्रशिक्षण निशुल्क प्रदान कराया जाएगा। ये कोर्स क्रमश: तीन माह, छह माह, नौ माह और एक वर्ष तक की अवधि के होंगे। प्रशिक्षण लेने वाले प्रत्येक युवा को प्रशिक्षण के उपरांत प्रमाणपत्र निर्गत किया जाएगा। और रोजगार उपलब्ध करवाने के लिए उन्हें फिल्मों में अवसर प्रदान किया जाएगा। कौशल विकास के तहत कोर्स संचालन की मंजूरी से उन युवाओं को भी अपनी प्रतिभा दिखाने का मौका मिलेगा, जो आर्थिक संसाधनों के अभाव में प्रशिक्षण नहीं ले पाते। बताया कि प्रशिक्षण का खर्च कौशल विकास के तहत राज्य सरकार उठाएगी।
उत्तराखंड में फिल्म मेकिंग की अपार संभावनाएं
250 फिल्मों में बतौर अभिनेता, निर्देशक व निर्माता काम कर चुके शिवनारायण सिंह रावत का कहना है कि उत्तराखंड प्राकृतिक सौंदर्य से परिपूर्ण है। यहां के प्राकृतिक दृश्य स्विटजरलैंड से भी बेहतर हैं। यहां फिल्म मेकिंग की अपार संभावनाएं हैं। उत्तराखंड को हाल ही में फिल्म फ्रैंडली स्टेट का दर्जा भी मिला है। इसी उद्देश्य को दृष्टिगत रखते हुए 2019 में कोटद्वार के कण्वघाटी में संस्थान की स्थापना की गई है। संस्थान में श्रीदेव सुमन विवि से संबद्ध छह डिप्लोमा कोर्स कहानी लेखन, निर्देशन, अभिनय, साउंड इंजीनियरिंग, अभिनय संपादन और मास कम्युनिकेशन कराए जा रहे हैं। कौशल विकास के तहत क्रिएटिव आर्ट से संबंधित सभी कोर्स पहली बार संचालित होंगे।
