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आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि 28 अगस्त 2026 है

PIB Delhi

जल शक्ति मंत्रालय के जल संसाधन, नदी विकास और गंगा संरक्षण विभाग ने गृह मंत्रालय के राष्ट्रीय पुरस्कार पोर्टल पर 7वें राष्ट्रीय जल पुरस्कार का शुभारंभ किया है। सभी आवेदन केवल ऑनलाइन राष्ट्रीय पुरस्कार पोर्टल (www.awards.gov.in) के माध्यम से ही स्वीकार किए जाएंगे। पात्र संगठन/संस्थाएं/आवेदक अधिक जानकारी के लिए इस पोर्टल या विभाग की वेबसाइट (www.jalshakti-dowr.gov.in) पर जा सकते हैं। आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि 28 अगस्त, 2026 है।

पुरस्कारों के लिए पात्रता:

जल संरक्षण और प्रबंधन के क्षेत्र में अच्छा काम करने वाले किसी भी राज्य, जिले, शहरी स्थानीय निकाय, बांध के स्वामित्व वाली एजेंसियों और उद्योग को यह पुरस्कार दिया जा सकता है।

ट्रॉफी और प्रशस्ति पत्र:

प्रत्येक विजेता को प्रशस्ति पत्र के साथ एक ट्रॉफी प्रदान की जाएगी।

चयन प्रक्रिया:

सातवें राष्ट्रीय जल पुरस्कारों के लिए प्राप्त सभी आवेदनों की जांच/चयन एक स्क्रीनिंग समिति द्वारा किया जाता है। चयनित आवेदनों को जल संसाधन, नदी विकास और गंगा संरक्षण विभाग द्वारा गठित निर्णायक समिति के समक्ष रखा जाता है। समिति की सिफारिशें अनुमोदन के लिए जल शक्ति मंत्री को भेजी जाती हैं। इसके बाद, विजेताओं के नामों की घोषणा एक उपयुक्त तिथि पर की जाती है। उसके बाद पुरस्कार वितरण समारोह आयोजित किया जाता है, जिसमें भारत के राष्ट्रपति या उपराष्ट्रपति द्वारा विजेताओं को पुरस्कार प्रदान किए जाते हैं।

पुरस्कारों का विवरण:

क्रमांकपुरस्कार की श्रेणीउप-श्रेणीयोग्यइकाईपुरस्कारों की संख्या/इनाम राशिचयन प्रक्रिया
1.सर्वश्रेष्ठ राज्यजल संसाधन प्रबंधनराज्य सरकार/केंद्र शासित प्रदेश3 पुरस्कार (प्रथम, द्वितीय और तृतीय)आवेदन गृह मंत्रालय के पुरस्कार पोर्टल पर प्राप्त किए जाते हैं
  जल संचय जल भागीदारी (जेएसजेबी)राज्य सरकार/केंद्र शासित प्रदेश3 पुरस्कार (प्रथम, द्वितीय और तृतीय)जेएसजेबी निगरानी ढांचे से चयनित होंगे
  जल जीवन मिशन (जेजेएम) राज्य सरकार/केंद्र शासित प्रदेश3 पुरस्कार (प्रथम, द्वितीय और तृतीय)जेजेएम-आईएमआईएस, जेएसएन में से चयन किया जाना है(जल सेवा आंकलन) जेजेएम-आईएमआईएस और डब्ल्यूक्यूएमआईएस के तहत डेटा(जल गुणवत्ता निगरानी सूचना प्रणाली)
2.सर्वश्रेष्ठ जिलाजल संसाधन प्रबंधनजिला प्रशासन/डीएम/डीसी15 पुरस्कार (तीनपुरस्कार – प्रत्येक क्षेत्र के लिए प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान (पांच क्षेत्रों में से, अर्थात् उत्तरी, दक्षिणी, पश्चिमी, पूर्वी और उत्तर पूर्वी)आवेदन गृह मंत्रालय के पुरस्कार पोर्टल पर प्राप्त किए जाते हें
  जल संचय जल भागीदारी (जेएसजेबी)जिला प्रशासन/डीएम/डीसी15 पुरस्कार (तीनपुरस्कार – प्रत्येक क्षेत्र के लिए प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान (पांच क्षेत्रों में से, अर्थात् उत्तरी, दक्षिणी, पश्चिमी, पूर्वी और उत्तर पूर्वी)जेएसजेबी निगरानी ढांचे से चयनित होंगे 
  जल जीवन मिशन (जेजेएम)जिला प्रशासन/डीएम/डीसी15 पुरस्कार (तीनपुरस्कार – प्रत्येक क्षेत्र के लिए प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान (पांच क्षेत्रों में से, अर्थात् उत्तरी, दक्षिणी, पश्चिमी, पूर्वी और उत्तर पूर्वी)जेजेएम-आईएमआईएस जेएसएएन में से चयन किया जाना है (जल सेवा आंकलन) जेजेएम-आईएमआईएस और डब्ल्यूक्यूएमआईएस के तहत डेटा(जल गुणवत्ता निगरानी सूचना प्रणाली)
3.सर्वश्रेष्ठ शहरी स्थानीय निकायजल संसाधन प्रबंधनशहरी स्थानीय निकाय5 पुरस्कार (पांचों क्षेत्रों में से प्रत्येक को पुरस्कार(अर्थात, उत्तरी, दक्षिणी, पश्चिमी, पूर्वी और उत्तर पूर्वी)गृह मंत्रालय  के पुरस्कार पोर्टल पर प्राप्त आवेदन प्राप्त किए जाते हैं
  जल संचय जल भागीदारी (जेएसजेबी)शहरी स्थानीय निकाय5 पुरस्कार (पांचों क्षेत्रों में से प्रत्येक को पुरस्कार(अर्थात, उत्तरी, दक्षिणी, पश्चिमी, पूर्वी और उत्तर पूर्वी)जेएसजेबी निगरानी ढांचे से चयनित होंगे
4.जल क्षेत्र में कार्यान्वित सर्वश्रेष्ठ परियोजनासातवें राष्ट्रीय जल पुरस्कार का विषय है-बांध सुरक्षा।परियोजना कार्यान्वयन प्राधिकरण3 पुरस्कार:प्रथम, द्वितीय और तृतीय पुरस्कारगृह मंत्रालय  के पुरस्कार पोर्टल पर प्राप्त आवेदन प्राप्त किए जाते हैं
5.जल क्षेत्र में सीएसआर पहल के लिए सर्वश्रेष्ठ उद्योगउद्योग3 पुरस्कार:प्रथम, द्वितीय और तृतीय पुरस्कारकॉर्पोरेट मामलों के मंत्रालय/संबंधित मंत्रालयों के सीएसआर से संबंधित पोर्टलों में से चयन किया जाएगा।

राष्ट्रीय जल पुरस्कार की शुरुआत देश भर में राज्यों, जिलों, व्यक्तियों, संगठनों आदि द्वारा सरकार के ‘जल समृद्ध भारत’ के विजन को साकार करने की दिशा में किए गए अनुकरणीय कार्यों और प्रयासों को मान्यता देने और प्रोत्साहित करने के लिए की गई थी। इसका उद्देश्य लोगों को जल के महत्व के प्रति जागरूक करना और उन्हें जल उपयोग के सर्वोत्तम तरीकों को अपनाने के लिए प्रेरित करना है। राष्ट्रीय जल पुरस्कारों का उद्देश्य हितधारकों को देश में जल संसाधन प्रबंधन के प्रति समग्र दृष्टिकोण अपनाने के लिए प्रोत्साहित करना है, क्योंकि सतही जल और भूजल जल चक्र में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। पहला राष्ट्रीय जल पुरस्कार वर्ष 2018 में शुरू किया गया था और विभाग द्वारा अब तक इसके 6 संस्करण सफलतापूर्वक आयोजित किए जा चुके हैं।


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By udaen

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