अहिंसा और शांति का संदेश लेकर 200 आदिवासी तथा दलित कार्यकर्ता, लेखक, विचारक और प्रख्यात गांधीवादी दो अक्तूबर को महात्मा गांधी की 150वीं जयंती पर दिल्ली से जिनेवा तक की एक साल की पैदल यात्रा शुरू करेंगे।

एकता परिषद के राष्ट्रीय संयोजक अनीश थिलेंकरी के अनुसार 15 हजार किलोमीटर की ‘जय जगत 2020’ यात्रा ब्रिटेन, फ्रांस, जर्मनी, ईरान, सेनेगल, स्वीडन और बेल्जियम समेत 10 देशों से गुजरेगी। रास्ते में विदेशी प्रतिनिधियों वाले समानांतर समूह भी इसमें शामिल होंगे।
तीन वर्ष पहले बनी शुरुआती योजना में पाकिस्तान में दो महीने का ठहराव था, लेकिन दोनों देशों के बीच तनाव के कारण आयोजकों ने ऐसा नहीं करने का फैसला किया है। यात्रा के दौरान रास्ते में स्थानीय समितियां कार्यक्रम करेंगी और अहिंसा का संदेश देंगी।
यह यात्रा अगले वर्ष 26 सितंबर को जिनेवा पहुंचेंगी। इस मार्च का नेतृत्व सामाजिक कार्यकर्ता पीवी राजगोपाल, दलित अधिकार कार्यकर्ता रमेश शर्मा और कनाडा के नेता जिल कार हैरिस करेंगे।
