आदर्श युवा ग्राम सभा पहल का मूल्यांकन
PIB Delhi
आदर्श युवा ग्राम सभा (MYGS) पंचायती राज मंत्रालय (MoPR) की एक पहल है, जिसे स्कूल शिक्षा एवं साक्षरता विभाग (DoSEL), जनजातीय कार्य मंत्रालय (MoTA) और राज्य सरकारों के सहयोग से संचालित किया जाता है। यह जमीनी लोकतंत्र का एक अनुभवात्मक अनुकरण है, जिसमें छात्र एजेंडा तय करने, विचार-विमर्श, बजट बनाने और प्रस्ताव पारित करने सहित मॉक ग्राम सभा सत्र आयोजित करते हैं, जो वैधानिक ग्राम सभा प्रक्रियाओं को बारीकी से प्रतिबिंबित करता है। यह उन्हें यह समझने में भी सक्षम बनाता है कि कैसे विचार-विमर्श और सामूहिक निर्णय लेना समावेशी ग्राम स्तर की विकास योजना तैयार करने में सहायक होते हैं। यह स्थानीय शासन का व्यावहारिक अनुभव प्रदान करता है और जानकार, जिम्मेदार तथा सहभागी भावी नागरिकों को तैयार करता है। मंत्रालय इस पहल को फेज-I में राष्ट्रव्यापी रूप से 1306 स्कूलों में लागू कर रहा है, जिसमें 620-जवाहर नवोदय विद्यालय (जेएनवी), 200-एकलव्य मॉडल आवासीय स्कूल (ईएमआरएस), महाराष्ट्र के 172 जिला परिषद स्कूल और कर्नाटक सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त 314 स्कूल शामिल हैं। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, 1 दिसंबर, 2025 तक 35 राज्यों/संघ राज्य क्षेत्रों में 654 स्कूलों में आदर्श युवा ग्राम सभा (MYGS) का आयोजन किया जा चुका है, जिसमें 27,523 से अधिक छात्रों ने भाग लिया है।
मंत्रालय ने भाग लेने वाले स्कूलों में आदर्श युवा ग्राम सभा (MYGS)के संचालन और गुणवत्ता का मूल्यांकन करने के लिए एक व्यापक मूल्यांकन फ्रेमवर्क विकसित किया है। मूल्यांकन एक संरचित दृष्टिकोण का पालन करता है, जो विद्यालय-स्तरीय मूल्यांकन से शुरू होकर क्षेत्रीय-स्तरीय प्रतियोगिताओं तक जारी रहता है, जहाँ चयनित टीमों का निर्धारित मानदंडों के आधार पर मूल्यांकन किया जाता है। मंत्रालय द्वारा आदर्श युवा ग्राम सभा (MYGS) पहल की प्रगति की मौजूदा पंचायत निर्णय पोर्टल के माध्यम से नियमित रूप से निगरानी की जाती है, जिसमें स्कूलों के लिए संबंधित दस्तावेज के साथ एमवाईजीएस गतिविधियों के निर्धारण और संचालन का विवरण अपलोड करने का प्रावधान किया गया है।
मंत्रालय ने आदर्श युवा ग्राम सभा (MYGS) पहल के तहत क्षमता निर्माण के लिए व्यापक प्रशिक्षण मोड अपनाया है। पहले स्तर पर, आदर्श युवा ग्राम सभा मॉड्यूल पर राष्ट्रीय स्तर के मास्टर प्रशिक्षकों (NLMTs) को प्रशिक्षित किया गया। इन राष्ट्रीय स्तर के मास्टर प्रशिक्षकों ने बाद में अपने संबंधित राज्यों/संघ राज्य क्षेत्रों में जवाहर नवोदय विद्यालयों (JNVs) और एकलव्य मॉडल आवासीय विद्यालयों (EMRS) के नोडल शिक्षकों को प्रशिक्षित किया। इसके बाद, प्रशिक्षित शिक्षकों ने आदर्श युवा ग्राम सभा सत्र आयोजित करने के लिए अपने स्कूलों में छात्रों को उन्मुख किया और उनको तैयार किया। यह पहल छात्रों को अनुभवात्मक विचार-विमर्श प्रक्रियाओं के माध्यम से संचार, नेतृत्व, वार्तालाप और सामंजस्य निर्माण जैसे आवश्यक कौशल प्रदान करती है। यह कार्यसूची तैयार करना, बजट बनाने और संकल्प लेने की गतिविधियों में छात्रों को शामिल करके महत्वपूर्ण सोच और सहयोगी निर्णय लेने की क्षमताओं को और मजबूत करती है। दिनांक 01/12/2025 की स्थिति के अनुसार 35 राज्यों/संघ राज्य क्षेत्रों में कुल 27,523 छात्रों ने आदर्श युवा ग्राम सभा (MYGS) में नामांकन किया है। राज्य/संघ राज्यक्षेत्र-वार विवरण संलग्न है।
राज्य/संघ राज्य क्षेत्र-वार आदर्श युवा ग्राम सभा कीस्थिति (1 दिसंबर, 2025 तक)
| क्र.सं. | राज्य/संघ राज्य क्षेत्र | लक्षित स्कूलों की संख्या | आयोजित कुलआदर्श युवा ग्राम सभा | कुल नामित प्रतिभागी |
| 1 | अंडमान और निकोबार द्वीप समूह | 2 | 1 | 49 |
| 2 | आंध्र प्रदेश | 37 | 26 | 1058 |
| 3 | अरुणाचल प्रदेश | 14 | 10 | 879 |
| 4 | असम | 27 | 24 | 1140 |
| 5 | बिहार | 38 | 26 | 890 |
| 6 | चंडीगढ़ (संघ राज्य क्षेत्र) | 1 | 0 | 0 |
| 7 | छत्तीसगढ़ | 72 | 54 | 2234 |
| 8 | दादरा और नगर हवेली एवं दमन और दीव | 3 | 3 | 104 |
| 9 | दिल्ली | 2 | 2 | 52 |
| 10 | गोवा | 2 | 2 | 39 |
| 11 | गुजरात | 63 | 52 | 2357 |
| 12 | हरियाणा | 21 | 21 | 804 |
| 13 | हिमाचल प्रदेश | 12 | 10 | 450 |
| 14 | जम्मू और कश्मीर | 15 | 12 | 476 |
| 15 | झारखंड | 25 | 19 | 741 |
| 16 | कर्नाटक | 42 | 27 | 1241 |
| 17 | केरल | 14 | 13 | 448 |
| 18 | लद्दाख | 2 | 1 | 65 |
| 19 | लक्षद्वीप | 1 | 0 | 0 |
| 20 | मध्य प्रदेश | 92 | 78 | 4396 |
| 21 | महाराष्ट्र | 51 | 42 | 1645 |
| 22 | मणिपुर | 10 | 8 | 367 |
| 23 | मेघालय | 7 | 7 | 239 |
| 24 | मिजोरम | 8 | 7 | 223 |
| 25 | नागालैंड | 10 | 9 | 278 |
| 26 | ओडिशा | 48 | 36 | 1524 |
| 27 | पुदुच्चेरी | 4 | 3 | 88 |
| 28 | पंजाब | 23 | 16 | 850 |
| 29 | राजस्थान | 35 | 32 | 1111 |
| 30 | सिक्किम | 4 | 4 | 133 |
| 31 | तेलंगाना | 27 | 18 | 754 |
| 32 | त्रिपुरा | 6 | 6 | 208 |
| 33 | उत्तर प्रदेश | 75 | 61 | 1956 |
| 34 | उत्तराखंड | 13 | 11 | 328 |
| 35 | पश्चिम बंगाल | 14 | 13 | 396 |
| कुल | 820 | 654 | 27523 | |
नोट: इसके अतिरिक्त, महाराष्ट्र के 172 जिला परिषद स्कूल और कर्नाटक राज्य सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त 314 स्कूल भी इस पहल में भाग ले रहे हैं।
यह जानकारी पंचायती राज मंत्री श्री राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह ने आज राज्यसभा में एक लिखित उत्तर में दी।
