भारत केवल 26 दिनों में कोविड-19 के 70 लाख टीके लगाने वाला दुनिया का सबसे तेज देश बन गया है
पिछले चौबीस घंटों के दौरान 17 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में कोविड-19 से कोई भी मौत नहीं हुई है
प्रति दस लाख आबादी पर भारत में सक्रिय मामलों की संख्या दुनिया में सबसे कम है
भारत ने एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। भारत कोविड-19 के खिलाफ 70 लाख से अधिक लोगों को टीके लगाने वाला दुनिया का सबसे तेज देश बन गया है।
भारत ने यह उपलब्धि केवल 26 दिनों में अर्जित की है, जबकि अमेरिका ने इस आंकड़े तक पहुंचने में 27 दिन और इंग्लैंड ने 48 दिन का समय लिया है। भारत कुछ दिन पहले 60 लाख के आंकड़े पर पहुंचने वाला भी दुनिया पहला देश बना था।

11 फरवरी, 2021 को प्रातः आठ बजे तक देशव्यापी कोविड-19 टीकाकरण अभियान के तहत 70 लाख (70,17,114) से अधिक लाभार्थियों को टीके लग गए हैं।
| क्रम संख्या | राज्य/केंद्र शासित प्रदेश | लाभार्थी |
| 1 | अंडमान और निकोबार दीप समूह | 3,413 |
| 2 | आंध्र प्रदेश | 3,35,268 |
| 3 | अरुणाचल प्रदेश | 13,480 |
| 4 | असम | 1,10,977 |
| 5 | बिहार | 4,30,307 |
| 6 | चंडीगढ़ | 6,903 |
| 7 | छत्तीसगढ़ | 2,16,784 |
| 8 | दादर और नगर हवेली | 2,326 |
| 9 | दमन और दीव | 1,030 |
| 10 | दिल्ली | 1,46,789 |
| 11 | गोवा | 9,961 |
| 12 | गुजरात | 6,14,530 |
| 13 | हरियाणा | 1,83,529 |
| 14 | हिमाचल प्रदेश | 66,101 |
| 15 | जम्मू और कश्मीर | 74,219 |
| 16 | झारखंड | 1,60,492 |
| 17 | कर्नाटक | 4,64,485 |
| 18 | केरल | 3,26,246 |
| 19 | लद्दाख | 2,536 |
| 20 | लक्षद्वीप | 920 |
| 21 | मध्य प्रदेश | 4,31,702 |
| 22 | महाराष्ट्र | 5,73,681 |
| 23 | मणिपुर | 13,747 |
| 24 | मेघालय | 9,760 |
| 25 | मिजोरम | 11,046 |
| 26 | नगालैंड | 7,167 |
| 27 | ओडिशा | 3,61,623 |
| 28 | पुद्दुचेरी | 4,770 |
| 29 | पंजाब | 91,669 |
| 30 | राजस्थान | 5,59,990 |
| 31 | सिक्किम | 7,808 |
| 32 | तमिलनाडु | 1,97,392 |
| 33 | तेलंगाना | 2,58,122 |
| 34 | त्रिपुरा | 52,908 |
| 35 | उत्तर प्रदेश | 6,73,542 |
| 36 | उत्तराखंड | 90,483 |
| 37 | पश्चिम बंगाल | 4,27,042 |
| 38 | अन्य | 74,366 |
| कुल | 70,17,114 | |
अभी तक कुल 70,17,114 लाभार्थियों को टीके लगे हैं, जिनमें 57,05,228 स्वास्थ्य देखभाल कर्मी (एचसीडब्लू) और 13,11,886 फ्रंटलाइन कर्मचारी (एफएलडब्लू) शामिल हैं। अभी तक 1,43,056 सत्र आयोजित किए जा चुके हैं।
टीकाकरण के 26वें दिन यानि 10 फरवरी, 2021 को 4,05,349 लाभार्थियों (एचसीडब्लू 94,890 और एफएलडब्लू-3,10,459) को 8,308 सत्रों में टीके लगाए गए हैं।
टीके लगाए जाने वाले लाभार्थियों की संख्या में दिन-प्रतिदिन लगातार बढ़ोतरी हो रही है। 13 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में 65 प्रतिशत से अधिक पंजीकृत स्वास्थ्य देखभाल कर्मियों को टीके लगाए गए हैं। बिहार में सबसे अधिक संख्या में 79 प्रतिशत पंजीकृत एचसीडब्लू को कोविड के टीके लग चुके हैं।

सात राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में 40 प्रतिशत से कम पंजीकृत स्वास्थ्य देखभाल कर्मियों को टीके लगे हैं। पुदुचेरी में सबसे कम 17.5 प्रतिशत कर्मियों को टीके लगे हैं।

कोविड-19 के खिलाफ भारत की लड़ाई से अन्य मोर्चों पर भी प्रतिदिन सफलता हासिल हो रही है। 17 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में पिछले चौबीस घंटों के दौरान कोविड से कोई भी मौत नहीं हुई है। ये राज्य/केंद्र शासित प्रदेश हैं- तेलंगाना, गुजरात, असम, हरियाणा, ओडिशा, उत्तराखंड, मेघालय, नगालैंड, लक्षद्वीप, लद्दाख, सिक्किम, मणिपुर, मिजोरम, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, त्रिपुरा, अरुणाचल प्रदेश, दमन और दीव तथा दादरा और नगर हवेली।
देश में पिछले चौबीस घंटों के दौरान 1,42,562 सक्रिय मामले दर्ज हुए हैं। अब देश के कुल संक्रमित मामलों की संख्या कुल मामलों की केवल 1.31 प्रतिशत ही है। प्रति दस लाख आबादी पर देश में सक्रिय मामलों की संख्या केवल 104 है, जो दुनिया में सबसे कम है।

देश में पिछले चौबीस घंटों के दौरान 12,923 नए पुष्ट मामले दर्ज हुए हैं जबकि इसी अवधि के दौरान 11,764 नए मरीज ठीक हुए हैं। राष्ट्रीय रिकवरी दर 97.26 प्रतिशत है, जो दुनिया की सबसे ऊंची रिकवरी दर है।
अभी तक कुल 1,05,73,372 कोविड के मरीज ठीक हो चुके हैं। सक्रिय मामलों और ठीक हुए मामलों के बीच अंतर लगातार बढ़ते हुए 1,04,30,810 तक पहुंच गया है। 83.20 प्रतिशत ठीक हुए नए मामले छह राज्यों में दर्ज हुए हैं। केरल में सबसे अधिक संख्या में 5,745 नए मरीज ठीक हुए हैं। महाराष्ट्र और गुजरात में क्रमशः 2,421 और 495 नए मरीज ठीक हुए हैं।

85.11 प्रतिशत नए मरीज छह राज्यों से संबंधित हैं।
केरल में कल सबसे अधिक 5,980 नए मरीज सामने आए हैं, जबकि महाराष्ट्र और तमिलनाडु में क्रमशः 3,451 और 479 नए मामले दर्ज हुए हैं।

पिछले चौबीस घंटों के दौरान कोविड के 108 मरीजों की मौत हुई है। 79.63 प्रतिशत मौत के मामले सात राज्यों से संबंधित हैं। महाराष्ट्र में सबसे अधिक 30 लोगों की मौत हुई है, जबकि केरल में मौत के 18 नए मामले दर्ज हुए हैं।

