Agriculture Budget 2019
Agriculture Budget 2019: आम बजट में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने खेती, किसान और गांव का विशेष जिक्र किया। किसान, ग्रामीण भारत के लिए उन्होंने क्या-क्या योजनाएं बताईं, जानिए।
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हाइलाइट्स
निर्मला सीतारमण ने बजट में किसान और ग्रामीण भारत का मुख्य तौर पर जिक्र किया
वित्त मंत्री ने कहा कि 2022 तक किसानों की आय दोगुनी करने का प्लान
सीतारमण ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्र में 1.95 करोड़ नए घर बनाए जाएंगे
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नई दिल्ली
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आज संसद में बजट 2019 पेश किया। इस मौके पर उन्होंने बाकी सेक्टर्स के साथ-साथ कृषि सेक्टर की भी बात की। सीतारमण ने बताया कि किसानों और ग्रामीण भारत के लिए सरकार ने अबतक क्या किया है और आगे उसकी क्या योजनाएं हैं। आइए जानिए कृषि, किसान के लिए वित्त मंत्री ने क्या-क्या कहा-
-सीतारमण ने महात्मा गांधी की कही बात से शुरुआत की। उन्होंने कहा कि असल भारत गांव में बसता है और गांव और किसान उनकी हर योजना का केंद्र बिंदु होगा।
-किसानों का जीवन और व्यवसाय आसान बनाने के लिए काम किए जाएंगे। सीतारमण ने कहा कि सरकार कृषि अवसरंचना में निवेश करेगी। उन्होंने कहा कि आजादी की 75वीं सालगिरह तक किसान की आय दोगुनी करने की कोशिश।
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-अन्नदाता को ऊर्जादाता बनाने पर होगा काम। किसानों के उत्पाद से जुड़े कामों में प्राइवेट आंत्रप्रेन्योरपिश को बढ़ावा दिया जाएगा।
-सीतारमण ने कहा कि 2024 तक गांव के हर घर तक जल (पानी) पहुंचाया जाएगा। इसमें हर घर में टंकी से पानी पहुंचाया जाएगा। उन्होंने बताया कि यह काम जल जीवन मिशन के तहत किया जाएगा। इसमें हर घर तक पीने का पानी पहुंचाने की कोशिश रहेगी।
-वित्त मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के तहत 2019-20 से 2021-22 तक पात्रता रखने वाले लाभार्थियों को 1.95 करोड़ मकान मुहैया कराये जाएंगे। इनमें रसोई गैस, बिजली और शौचालयों जैसी सुविधा होगी। सीतारमण ने बताया कि पहले आवासों को बनाने में जहां 314 दिन लग रहे थे, अब 114 दिन लगते हैं।
-ग्राम सड़क योजना पर वित्त मंत्री ने कहा कि योजना का 97 प्रतिशत लक्ष्य पूरा हो चुका है। उन्होंने बताया कि आने वाले साल में 1,25,000 किलोमीटर सड़क बनने के लिए 80,250 करोड़ रुपये दिए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि अबतक बनी गावों की सड़कों का 30,000 किलोमीटर हिस्सा ग्रीन तकनीक से बनी है। इसमें वेस्ट प्लास्टिक और कोल मिक्स्ड टेक्नॉलजी से कार्बन फुटप्रिंट को कम किया गया है।
-सीतारमण ने उज्ज्वला योजना के तहत गांव में मिले एलपीजी कनेक्शन, बिजली की सुविधा का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि 2022 तक सभी गांव की सभी फैमिली को बिजली और एलपीजी गैस की सुविधा दी जाएगी। सीतारमण ने कहा कि जो लोग कनेक्शन नहीं लेना चाहते, उन्हें छोड़कर 2022 तक प्रत्येक ग्रामीण परिवार में बिजली कनेक्शन और स्वच्छ ईधन आधारित रसोई सुविधा होगी।
-अगले 5 सालों में 10 हजार नए किसान उत्पादक संगठन बनाए जाएंगे।
-2019-20 के दौरान 100 नए बांस, शहद और खादी कलस्टर की स्थापना होगी। ऐसे उद्योगों में कौशल विकास के लिए 80 आजीविका बिजनस इंक्यूबेटर स्थापित किए जाएंगे। इसके साथ आईटी विकास के लिए 20 बिजनस इंक्यूबेटर बनाए जाएंगे।
-मछुआरे के लिए भी ऐलान। प्रधानमंत्री मतस्य संपदा योजना के तहत मत्स्यिकी ढांचे की स्थापना होगी।
-प्रधानमंत्री ग्रामीण डिजिटल साक्षरता अभियान के तहत 2 करोड़ गांव बने डिजिटल साक्षर।
-वित्त मंत्री ने बताया कि 5.6 लाख गांव अबतक खुले में शौच से मुक्त हो गए हैं। सीतारमण ने कहा कि 2 अक्टूबर, 2019 को भारत खुले में शौच से मुक्त हो जाएगा।
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