जीवन का सशक्तिकरण: नमस्ते योजना स्वच्छता कर्मचारियों के लिए ठोस बदलाव ला रही है
PIB Delhi
राष्ट्रीय यांत्रिक स्वच्छता इकोसिस्टम कार्य योजना (नमस्ते) ने देश भर में सफाईकर्मियों के सम्मान, सुरक्षा और स्थायी आजीविका को प्रोत्साहन देने में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। केंद्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री डॉ. वीरेंद्र कुमार ने कहा कि यह योजना सफाईकर्मियों के सम्मान, सुरक्षा और आर्थिक सशक्तिकरण को सुनिश्चित करने के लिए सरकार की दृढ़ प्रतिबद्धता को दर्शाती है। वित्त वर्ष 2023-24 में शुरू होने के बाद से, इस पहल ने लक्षित हस्तक्षेपों, सामुदायिक भागीदारी और खतरनाक मैनुअल सफाई प्रथाओं को समाप्त करने के लिए एक केंद्रित दृष्टिकोण के माध्यम से विशेष असर दिखाया है।
कुल 90,942 सीवर और सेप्टिक टैंक कर्मचारियों का प्रोफाइल तैयार किया गया है, जिनमें से 89,248 का सत्यापन हो चुका है। 87,037 कर्मचारियों को पीपीई किट उपलब्ध कराई गई हैं, जबकि 76,247 कर्मचारियों को कई स्वास्थ्य बीमा योजनाओं के अंतर्गत कवर किया गया है। 983 सफाई कर्मचारियों को 364 वाहन खरीदने के लिए ₹34.17 करोड़ की अग्रिम पूंजी सब्सिडी जारी की गई है। इसके साथ ही, देश भर में सीवर और सेप्टिक टैंक की खतरनाक सफाई की रोकथाम पर 1,562 कार्यशालाएं आयोजित की गई हैं। सुरक्षा इंफ्रास्ट्रक्चर को और सुदृढ़ करने के लिए, बड़े नगर निगमों और जिलों में स्थापित आपातकालीन प्रतिक्रिया स्वच्छता इकाइयों (ईआरएसयू) को 753 सुरक्षा उपकरण भेजे गए हैं।
जून 2024 से, शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन में लगे कचरा बीनने वालों को भी इस योजना के तहत तय किए गए समूह में शामिल किया गया है। कुल 3,78,547 कचरा बीनने वालों का प्रोफाइल तैयार किया गया है, जिनमें से 2,52,163 का ई-केवाईसी के माध्यम से सत्यापन किया गया है। लगभग 1,31,864 कचरा बीनने वालों को पीपीई किट मिले हैं, और 1,24,835 कचरा बीनने वालों के आंकड़ों को आयुष्मान कार्ड जारी करने के लिए प्रोसेस किया गया है।
2025-26 के दौरान, योजना के अंतर्गत कई महत्वपूर्ण सुधार किए गए हैं। स्वच्छता उद्यमी योजना (एसयूवाई) के अंतर्गत अग्रिम पूंजी सब्सिडी की सीमा व्यक्तिगत परियोजनाओं के लिए ₹5.00 लाख से बढ़ाकर ₹7.50 लाख और समूह परियोजनाओं (पांच लाभार्थियों तक) के लिए ₹18.75 लाख से बढ़ाकर ₹25.00 लाख कर दी गई है। निजी स्वच्छता सेवा संगठनों (पीएसएसओ) और निजी ठेकेदारों को मशीनीकृत सफाई उपकरण और वाहनों की खरीद और तैनाती के लिए परियोजना लागत का 25% अग्रिम पूंजी सब्सिडी प्रदान करने के लिए एक नया घटक भी शुरू किया गया है। इसके चलते, बीते वित्त वर्ष के 250 लाभार्थियों की तुलना में 320 लाभार्थियों (स्वच्छता उद्यमियों) के लिए अग्रिम पूंजी सब्सिडी के रूप में ₹14.84 करोड़ जारी किए गए हैं।
नमस्ते योजना एक क्रांतिकारी बदलाव का प्रतीक है, यह महज एक कल्याणकारी पहल नहीं बल्कि एक परिवर्तनकारी सामाजिक सुधार आंदोलन है। तकनीकी नवाचार को अधिकार-आधारित दृष्टिकोण के साथ एकीकृत करके, यह एक ऐसे भारत का मार्ग तैयार कर रही है, जहां सफाईकर्मी गरिमा, सुरक्षा और स्वतंत्रता के साथ जीवनयापन और काम कर सकें।
