स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय

यू-विन पोर्टल पर 7.43 करोड़ लाभार्थियों का पंजीकरण किया गया, 1.26 करोड़ टीकाकरण सत्र आयोजित किए गए और 27.77 करोड़ वितरित टीका खुराक का रसीद दिया गया
यू-विन डिजिटल प्लेटफॉर्म पर नागरिकों और टीकाकरण करने वालों दोनों के लिए उपयोग में आसानी एवं पहुंच के लिए एक मोबाइल एप्लिकेशन भी है
यू-विन प्लेटफॉर्म पंजीकरण की पुष्टि, वितरित टीका खुराक का रसीद और आगामी खुराक के लिए रिमांइडर के लिए स्वचालित एसएमएस अलर्ट जारी करता है
यू-विन का ऑफ़लाइन मोड स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को इंटरनेट संपर्क के बिना क्षेत्रों में टीकाकरण सेवाओं को रिकॉर्ड करने में सक्षम बनाता ह
यू-विन एक डिजिटल प्लेटफॉर्म है जो यूनिवर्सल इम्यूनाइजेशन प्रोग्राम (यूआईपी) के अंतर्गत प्रदान की जाने वाली सभी टीकाकरण सेवाओं को डिजिटल करता है, जिससे गर्भवती महिलाओं और बच्चों (जन्म से 16 वर्ष) को 12 टीकों के माध्यम से रोकथाम योग्य रोगों के खिलाफ समय पर जीवन-रक्षक टीका प्रदान किया जा सकें। यूआईपी का वार्षिक लक्ष्य लगभग 2.9 करोड़ गर्भवती महिलाएं और 2.6 करोड़ शिशु (0-1 वर्ष) है। यू-विन का देशव्यापी प्रसार पूरा हो चुका है। इसके प्रमुख विशेषताओं में कभी भी और कहीं भी टीकाकरण सेवाएं, आयुष्मान भारत स्वास्थ्य खाता (एबीएचए) और बाल एबीएचए का निर्माण, नागरिक मॉड्यूल, स्वचालित एसएमएस अलर्ट, क्यूआर-आधारित ई-टीकाकरण प्रमाणपत्र और टीकाकर्ताओं द्वारा डेटा प्रविष्टि के लिए ऑफ़लाइन मोड शामिल हैं।
यू-विन की प्रारंभिक शुरुआत 35 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के 63 जिलों में की गई, जिसके बाद इसका प्रसार देशव्यापी किया गया। 25 नवंबर 2024 तक, 7.43 करोड़ लाभार्थियों का पंजीकरण किया गया, 1.26 करोड़ टीकाकरण सत्र आयोजित किए गए और यू-विन पर 27.77 करोड़ वितरित टीका खुराक दर्ज की गई हैं। प्लेटफॉर्म के बढ़ते दैनिक उपयोग ने नागरिकों और फ्रंटलाइन कार्यकर्ताओं के बीच टीकाकरण सेवाओं के प्रति जागरूकता और त्वरित पहुंच को बढ़ावा दिया है।
राज्य/केंद्र शासि प्रदेश के अनुसार पंजीकृत लाभार्थियों की संख्या और प्रारंभ से यू-विन पर दर्ज कुल वितरित टीका खुराक अनुलग्नक में दिए गए हैं।
यू-विन डिजिटल प्लेटफॉर्म के पास नागरिकों और टीकाकरण करने वालों दोनों के लिए उपयोग में आसानी एवं पहुंच के लिए एक मोबाइल एप्लिकेशन भी है। यह मोबाइल एप्लिकेशन एक बटन के क्लिक पर गूगल प्ले स्टोर से डाउनलोड करने के लिए उपलब्ध है। भारत सरकार द्वारा सार्वजनिक जागरूकता उत्पन्न करने और नागरिकों को टीकाकरण तक पहुंच प्रदान करने के लिए निम्नलिखित कदम उठाए गए हैं:
- मंत्रालय के सोशल मीडिया हैंडल के माध्यम से विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफार्मों पर यू-विन के बारे में जागरूकता फैलाने के लिए एक व्यापक सोशल मीडिया संचार अभियान चलाया गया है।
- यू-विन वेबसाइट पर 11 भारतीय भाषाओं में अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (एफएक्यू) उपलब्ध हैं, जो नागरिकों और फ्रंट-लाइन कार्यकर्ताओं को यू-विन की प्रमुख विशेषताओं और उपयोग जैसे पंजीकरण, अपॉइंटमेंट बुकिंग, राष्ट्रीय टीकाकरण कार्यक्रम आदि के बारे में मार्गदर्शन प्रदान करते हैं।
यू-विन प्लेटफॉर्म पंजीकरण पुष्टि, वितरित टीका खुराक की स्वीकृति और आगामी खुराक के लिए रिमांइडर एसएमएस (टीकाकरण से 3 दिन पहले) स्वचालित एसएमएस के माध्यम से जारी करता है।
यू-विन का ऑफलाइन मोड स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को इंटरनेट संपर्क के बिना क्षेत्रों में टीकाकरण सेवाओं को रिकॉर्ड करने में सक्षम बनाता है। एक व्यापक राष्ट्रीय सोशल मीडिया अभियान के माध्यम से सामान्य लोगों, विशेषकर गर्भवती महिलाओं के बीच जागरूकता उत्पन्न की जाती है।
यह जानकारी केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्य मंत्री, श्रीमती अनुप्रिया पटेल ने आज लोकसभा में एक लिखित उत्तर में दी।
अनुलग्नक
यू-विन पर पंजीकरण और कवरेज का राज्यवार विवरण (25 नवंबर 2024 तक)
| क्रम सं. | राज्य | कुल पंजीकृत लाभार्थी | वितरित कुल खुराक |
| 1 | अंडमान और निकोबार द्वीप समूह | 15,219 | 65,978 |
| 2 | आंध्र प्रदेश | 21,01,105 | 45,44,821 |
| 3 | अरुणाचल प्रदेश | 67,307 | 2,92,790 |
| 4 | असम | 19,19,866 | 72,94,330 |
| 5 | बिहार | 1,51,07,436 | 6,71,69,747 |
| 6 | चंडीगढ़ | 53,840 | 1,87,495 |
| 7 | छत्तीसगढ़ | 15,14,999 | 55,63,865 |
| 8 | दिल्ली | 18,05,642 | 62,44,294 |
| 9 | गोआ | 1,23,776 | 4,69,388 |
| 10 | गुजरात | 4,08,723 | 17,27,257 |
| 11 | हरियाणा | 24,85,151 | 1,01,73,612 |
| 12 | हिमाचल प्रदेश | 8,59,854 | 27,44,702 |
| 13 | जम्मू और कश्मीर | 12,61,326 | 46,86,498 |
| 14 | झारखंड | 13,03,057 | 46,65,153 |
| 15 | कर्नाटक | 42,07,225 | 1,74,07,291 |
| 16 | केरल | 18,76,682 | 70,09,984 |
| 17 | लद्दाख | 26,769 | 1,17,434 |
| 18 | लक्षद्वीप | 6,821 | 33,266 |
| 19 | मध्य प्रदेश | 88,43,042 | 2,22,48,513 |
| 20 | महाराष्ट्र | 51,11,333 | 1,58,23,185 |
| 21 | मणिपुर | 51,724 | 2,06,709 |
| 22 | मेघालय | 2,19,913 | 9,19,770 |
| 23 | मिजोरम | 80,933 | 3,84,937 |
| 24 | नागालैंड | 80,995 | 3,59,435 |
| 25 | ओडिशा | 25,88,824 | 1,23,47,456 |
| 26 | पुदुचेरी | 76,663 | 2,91,471 |
| 27 | पंजाब | 11,55,002 | 46,47,294 |
| 28 | राजस्थान | 24,38,389 | 77,16,890 |
| 29 | सिक्किम | 36,608 | 1,72,383 |
| 30 | तमिलनाडु | 15,59,860 | 28,05,744 |
| 31 | तेलंगाना | 18,32,035 | 77,11,119 |
| 32 | दादरा और नगर हवेली और दमन और दीव | 51,100 | 1,56,464 |
| 33 | त्रिपुरा | 2,91,778 | 14,34,856 |
| 34 | उत्तर प्रदेश | 1,62,02,760 | 5,90,78,156 |
| 35 | उत्तराखंड | 7,38,160 | 31,01,943 |
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एमजी/केसी/एके
(रिलीज़ आईडी: 2079170) आगंतुक पटल : 37
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