हिन्दी पत्रकारिता दिवस के अवसर पर कोटद्वार प्रेस क्लब ने किया वेबिनार का आयोजन
कोटद्वार | कोटद्वार प्रेस क्लब के तत्वावधान में हिंदी पत्रकारिता दिवस के मौके पर आयोजित वर्चुअल विचार गोष्ठी में कोरोना काल में मीडिया की भूमिका पर चर्चा की गई। साथ ही कोरोना काल में अनायास काल का ग्रास बने पत्रकारों के निधन पर शोक जताते हुए उनकी आत्मा की शांति को ईश्वर से प्रार्थना की गई।
विचार गोष्ठी के दौरान वक्ताओं ने कहा कि कोरोना काल में आमजन को जागरूक करने में मीडिया की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण रही। अपने जीवन की परवाह किए बिना पत्रकारों ने कोरोना से जुड़ी खबरों को न सिर्फ कवर किया, बल्कि उन्हें अपने पाठकों तक पहुंचाया। दुर्भाग्यपूर्ण यह रहा कि सरकार ने शुरूआत से पत्रकारों को फ्रंटलाइन वर्कर नहीं माना और कोरोना टीकाकरण में पत्रकारों को तरजीह नहीं दी। काफी प्रयासों के बाद उनका टीकाकरण किया, लेकिन पत्रकारों के परिवार आज भी टीकाकरण से वंचित हैं। सरकार से पत्रकारों के परिवारों के टीकाकरण की भी मांग उठाई गई।
बैठक में कहा गया कि कोरोना के चलते कई पत्रकारों की सेवाएं चली गई। कई समाचार पत्र बंद होने के कगार पर पहुंच गए। सरकार को इसकी सुध लेनी चाहिए। ताकि जिम्मेदारी के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन कर रहे पत्रकार को आर्थिक तंगी का सामना न करना पड़े।
क्लब के अध्यक्ष राजगौरव नौटियाल की अध्यक्षता में संपन्न हुई बैठक में राजेश सेमवाल, जगमोहन रावत, राजेश सेमवाल, चंद्रमोहन शुक्ला, अजय खंतवाल, आशीष बलोधी, चंद्रेश लखेड़ा, अनुपम भारद्वाज, कमल बिष्ट, दिनेश गुसाई, नरेश थपलियाल, पंकज पसबोला, शराफत अली सहित क्लब के सभी सदस्य शामिल हुए। संचालन सुभाष चंद्र नौटियाल ने किया।
