Spread the love


खबरों के मुताबिक, प्रारंभिक जांच से विस्फोटक और कारखाना अधिनियम के प्रावधानों के संभावित उल्लंघन का संकेत मिलता है

राज्य के मुख्य सचिव और पुलिस महानिदेशक को नोटिस जारी कर दो सप्ताह के भीतर इस मामले पर विस्तृत रिपोर्ट मांगी गई है

रिपोर्ट में घायल व्यक्तियों के स्वास्थ्य की स्थिति, जांच और मृतक के परिजनों तथा घायल व्यक्तियों को मुआवजे की राशि के वितरण से संबंधित जानकारी शामिल होने की उम्मीद है

PIB Delhi

भारत के राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने मीडिया रिपोर्टों का स्वतः संज्ञान लिया है, जिनमें कहा गया है कि महाराष्ट्र के नागपुर जिले के कटोलतालुका क्षेत्र के राउलगांव में एक विस्फोटक निर्माण इकाई में हुए विस्फोट में कम से कम 18 श्रमिकों की मौत हो गई और 24 अन्य घायल हो गए। बताया जाता है कि यह घटना 1 मार्च 2026 को सुबह लगभग 7:00 बजे कारखाने के पैकिंग अनुभाग में हुई। कई पीड़ितों को गंभीर आघात के अलावा 30 से 80 प्रतिशत तक गंभीर रूप से जलने की चोटें आई हैं।

आयोग ने पाया है कि यदि समाचार रिपोर्ट में दी गई जानकारी सही है, तो इससे पीड़ितों के मानवाधिकारों के गंभीर उल्लंघन के मामले सामने आते हैं। इसलिए, आयोग ने महाराष्ट्र के मुख्य सचिव और पुलिस महानिदेशक को नोटिस जारी कर दो सप्ताह के भीतर इस मामले पर विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। रिपोर्ट में घायल व्यक्तियों के स्वास्थ्य की स्थिति, जांच और घायलों तथा मृतकों के परिजनों को मुआवजे के वितरण से संबंधित जानकारी शामिल होनी चाहिए।

2 मार्च 2026 को प्रकाशित मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, प्रारंभिक जांच में विस्फोटक और कारखाना अधिनियमों के प्रावधानों के संभावित उल्लंघन का संकेत मिला है। खबरों के मुताबिक, कारखाना प्रबंधन के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज किया गया है।


Spread the love

By udaen

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *