कार्यालय जिला सूचना अधिकारी, पौड़ी गढ़वाल
बंदियों को उनके विधिक अधिकारों एवं न्यायिक प्रावधानों की दी गयी विस्तृत जानकारी
सूचना/पौड़ी/18 फरवरी, 2026:
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, पौड़ी गढ़वाल द्वारा जेल समीक्षा दिवस के अवसर पर जिला कारागार, पौड़ी में निरीक्षण एवं विधिक जागरुकता शिविर का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम उत्तराखण्ड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण तथा जिला जज/अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशानुसार आयोजित किया गया।
इस अवसर पर सिविल जज (सीनियर डिवीजन)/सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, नाज़िश कलीम द्वारा जिला कारागार का निरीक्षण करते हुए वहां निरुद्ध बंदियों की सुविधाओं, विधिक सहायता की उपलब्धता तथा अन्य व्यवस्थाओं का जायज़ा लिया गया। उन्होंने बंदियों से संवाद स्थापित कर उनकी समस्याओं की जानकारी भी प्राप्त की तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान किए।
निरीक्षण उपरांत जिला कारागार परिसर में निरुद्ध बंदियों के लिए विधिक जागरुकता शिविर का आयोजन किया गया। शिविर के दौरान बंदियों को आपराधिक न्याय प्रणाली से संबंधित विभिन्न महत्वपूर्ण प्रावधानों की जानकारी देते हुए प्ली बार्गेनिंग, परिवीक्षा पर रिहाई, समयपूर्व रिहाई, ई-ट्रू कॉपी प्राप्त करने की प्रक्रिया, अपराधों के शमन, दंड में छूट तथा दंडादेश में परिवर्तन जैसे विषयों पर विस्तारपूर्वक जानकारी प्रदान की गई।
शिविर में यह भी बताया गया कि प्रत्येक बंदी को विधिक सहायता प्राप्त करने का अधिकार है तथा आर्थिक रूप से कमजोर एवं जरूरतमंद बंदियों को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के माध्यम से निःशुल्क विधिक सहायता उपलब्ध कराई जाती है। बंदियों को अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहने एवं न्यायिक प्रक्रिया में उपलब्ध विधिक प्रावधानों का लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया गया।
इस अवसर पर कारागार प्रशासन के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने भी सहयोग प्रदान किया। कार्यक्रम का उद्देश्य बंदियों को उनके विधिक अधिकारों के प्रति जागरूक करना तथा उन्हें न्यायिक प्रक्रिया से संबंधित आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराना था, जिससे वे विधि सम्मत प्रावधानों का लाभ प्राप्त कर सकें।
