पाण्डव कालीन लोक परम्पराओं का आयोजन ऋषिकेश में चौथे दिन लोक नाट्य चक्रव्यूह का मंचन किया गया।
ऋषिकेश मे उत्तराखंड लोक संस्कृतिक संरक्षण समिति के द्वारा आयोजित पांच दिवसीय पाण्डवनृत्य की श्रृंखला में चौथे दिन लोक नाट्य चक्रव्यूह का मंचन उत्सव ग्रुप श्रीनगर के कलाकारों ने डॉ राकेश भट्ट के निर्देशन में किया।

तीसरे दिवस में14 बीघा नया पुल चंद्र भागा पुल के समीप मैदान मेआयोजित चौथे दिन के कार्यक्रम का शुभारंभ पूर्व जिला विद्यालय निरीक्षक बिद्या दत्त रतूडी , बचन पोखरियाल महेंद्र प्रसाद भट्ट, भीम लाल आर्या ने दीप प्रज्वलित कर किया
दर्शको से खचा खच भरे मैदान में दर्शकों के मध्य फिर सुरु हुआ डॉ राकेश भट्ट द्वारा निर्देशित नाट्य “चक्रव्यूह” ।
इस लोक नाट्य में मैदान पर चक्रव्यूह की रचना की गई थी जिसमे पात्रो ने महाभारत के पात्रों को जीवंत कर दिया ।
इस लोक नाट्य में अर्जुन के अतिरिक्त एकमात्र योद्धा अभिमन्यु ही चक्रव्यूह के भेदन को जानता था। लेकिन कौरवों ने उसे अपनी बातों में उलझा कर मर डाला।
इस भावपूर्ण लोकनाट्य को देखने के लिए कार्यक्रम स्थल पर अपार जन समूह उमड़ा रहा।
पांच दिन तक चलने वाले इस आयोजन में आज पाण्डव नृत्य के साथ- साथ” गेंडा वध” लोक नाट्य का मंचन किया जाएगा
Narendra Deorari
