कौशल विकास एवं उद्यमशीलता मंत्रालय ने सूचनाओं को बेहतर बनाने और उद्योगों में बढ़ रही कुशल कार्यबल की मांग और आपूर्ति के अंतर को पाटने के उद्देश्य से शुक्रवार को असीम पोर्टल लॉच किया। यह पोर्टल कुशल लोगों को स्थायी आजीविका के अवसर प्रदान करने में मदद करेगा। व्यावसायिक दक्षता और आर्थिक विकास को बढ़ावा देने वाले कुशल कार्यबल की भर्ती के अलावा, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित प्लेटफॉर्म के द्वारा उन्हें उद्योग आधारित कौशल प्रदान किया जाएगा ताकि कोविड-19 के बाद रोजगार के अवसरों को पता लगाकर कामगारों के भविष्य को सुरक्षित किया जा सकें।
असीम पोर्टल उन सभी डेटा, रुझानों और विश्लेषणों को संदर्भित करता है जो उद्योगों को कुशल कार्यबल प्रदान करने के लिए मैप की मांग का समर्थन करते हैं। यह उद्योगों से संबंधित स्किलिंग आवश्यकताओं और रोजगार की संभावनाओं की पहचान करके नियोक्ताओं को कम समय में अधिक जानकारी प्रदान करेगा। इस अवसर पर कौशल विकास एवं उद्यमशीलता मंत्री डॉ. मंत्री महेंद्र नाथ पांडे ने कहा, ‘प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आत्मनिर्भर भारत एवं कौशल भारत मिशन के अनुरूप, देश में युवाओं के लिए रोजगार के अवसरों के सृजन एवं संभावनाओं को तलाशने के साथ ही स्किल्ड वर्कफोर्स की मांग तथा अंतर को पाटने को पाटने के हमारे निरंतर प्रयासों को और अधिक प्रोत्साहन देने के उद्देश्य से “असीम” पोर्टल का शुभारंभ किया जा रहा है। प्रधानमंत्री मोदी द्वारा इंडिया ग्लोबल वीक में भारत को प्रतिभाओं का पॉवरहाउस बताये जाने के कथन की प्रशंसा करते हुए पाण्डेय ने कहा कि इस पहल का उद्देश्य कोरोना के इस संकट काल में श्रमिकों की स्किल मैपिंग के साथ ही उन्हें आने वाले दिनों में स्थानीय स्तर पर उनके हुनर के अनुरूप रोजगार उपलब्ध करवाना है, ताकि वे भारत की इस विकास यात्रा को गति देने में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकें। यह प्लेटफॉर्म प्रौद्योगिकी और ई-प्रबंधन प्रणालियों के बढ़ते उपयोग तथा मांग संचालित और परिणाम आधारित कौशल विकास कार्यक्रमों को क्रियान्वन में सहायता के साथ ही स्किल इकोसिस्टम के माध्यम से संचालित विभिन्न योजनाओं और कार्यक्रमों में घनिष्ठ अभिसरण और समन्वय को भी सुनिश्चित करेगा।
