भारत की झोली में पदक आना जारी!
भारत की झोली में पदक आना जारी! शरद कुमार ने पैरा एथलेटिक्स में ऊंची उड़ान भरी भारत के पैरा-एथलीट शरद…
EarthNity with social development and rural enterpreneurship
भारत की झोली में पदक आना जारी! शरद कुमार ने पैरा एथलेटिक्स में ऊंची उड़ान भरी भारत के पैरा-एथलीट शरद…
क्लब थ्रो में भारत की ऐतिहासिक जीत: धरमबीर ने जीता गोल्ड पुरुषों के क्लब थ्रो में भारत को पहला पैरालंपिक…
पेरिस पैरालंपिक तीरंदाजी में भारत के पहले स्वर्ण पदक विजेता: हरविंदर सिंह हरियाणा के कैथल में 25 फरवरी, 1991 को…
भारतीय प्रशासनिक सेवा के अधिकारी से पैरा शटलर बने सुहास ने जीता रजत पदक परिचय भारतीय पैरा-शटलर सुहास यतिराज ने…
भारत के लिए रजत पदक की झड़ी थुलासीमाथी मुरुगेसन भारत के लिए रजत पदक की झड़ी तमिलनाडु के कांचीपुरम में 11 अप्रैल,…
शीतल देवी और राकेश कुमार: सफलता पर साधा निशाना पैरा तीरंदाजी में ऐतिहासिक जीत भारत के पैरा-एथलीट वैश्विक मंच पर…
सुहास यतिराज: पेरिस पैरालिंपिक में रजत पदक जीतने का निरंतर सिलसिला भारतीय प्रशासनिक सेवा के अधिकारी से पैरा शटलर बने…
Ajeet Singh: A Silver Finish with Golden Effort Chronicles of Perseverance and Determination Ajeet Singh, born on September 5, 1993, in…
Sachin Khilari Triumphs with Silver in Men’s Shot Put at Paris Paralympics Sets New Asian Record and Secures 21st Medal…
पैरा तीरंदाजी में ऐतिहासिक जीत भारत के पैरा-एथलीट वैश्विक मंच पर देश को लगातार गौरवान्वित कर रहे हैं। पेरिस में…
टोक्यो पैरालिंपिक्स 2020 के बाद लगातार दूसरी बार कथुनिया ने रजत पदक जीतकर बड़ा मुकाम हासिल किया परिचय पैरिस 2024 पैरालिंपिक्स में पुरुष पैरा डिस्कस थ्रो एफ56 श्रेणी में योगेश कथुनिया ने शानदार प्रदर्शन कर रजत पदक जीता। एफ56 उन खेल वर्गों का हिस्सा है, जहां एथलीट मांसपेशियों की शक्ति में कमी, सीमित गतिशीलता, अंगों की कमी या पैर की लंबाई में अंतर के कारण व्हीलचेयर या थ्रोइंग चेयर पर प्रतिस्पर्धा करते हैं। 27 साल के योगेश ने अपने पहले प्रयास में असाधारण कौशल और फॉर्म का प्रदर्शन करते हुए 42.22 मीटर का थ्रो किया, जो उनका सर्वश्रेष्ठ प्रयास रहा। इससे पहले टोक्यो पैरालंपिक्स 2020 में सिल्वर मेडल अपने नाम किया था। इस तरह उन्होंने लगातार दूसरे पैरालंपिक गेम्स में सिल्वर मेडल जीतकर बड़ा मुकाम हासिल किया है। वैश्विक मंच पर अपनी निरंतर उत्कृष्टता का प्रदर्शन करते हुए योगेश ने पैरिस में पैरा-डिस्कस थ्रो में शानदार प्रदर्शन कर एक प्रमुख दावेदार के रूप में खुद को साबित किया है। चुनौतियों…
The Unstoppable Force of Indian Para-Athletics at Paris 2024 Sumit Antil’s Golden Throw The Unstoppable Force of Indian Para-Athletics at…
पैरा शूटिंग में एक उभरता सितारा परिचय मोना अग्रवाल एक ऐसा नाम है जो तेजी से पैरा शूटिंग में उत्कृष्टता का पर्याय बन गया है। उन्होंने पैरालिंपिक्स 2024 में आर2 महिला 10 मीटर एयर राइफल एसएच1 स्पर्धा में कांस्य पदक जीतकर वैश्विक खेल जगत में अपना दबदबा कायम किया है। शुरुआती जीवन की चुनौतियों से पार पाने से लेकर अपने खेल में उल्लेखनीय सफलता हासिल करने तक मोना की यात्रा उनके धैर्य और दृढ़ संकल्प को दर्शाती है। प्रारंभिक जीवन और शिक्षा मोना का जन्म राजस्थान के सीकर में 8 नवंबर, 1987 हुआ था। मोना को जीवन के शुरूआत में…
पैरा निशानेबाजी की एक प्रेरणास्रोत अवनि लेखरा ने 30 अगस्त, 2024 को पेरिस 2024 पैरालंपिक में महिलाओं की 10 मीटर एयर…
Dr. Mansukh Mandaviya Launches Retired Sportsperson Empowerment Training (RESET) Programme “RESET Programme is aimed at empowering our retired sportspersons” –…