नई दिल्ली। उत्तराखंड के चर्चित अंकिता भंडारी हत्याकांड में न्याय की मांग को लेकर अंकिता के माता-पिता दिल्ली में धरने पर बैठे हैं। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने धरनास्थल पर पहुंचकर अंकिता के माता-पिता से मुलाकात की और उनकी मांगों को सुना।

धरने पर बैठे अंकिता के पिता वीरेंद्र सिंह भंडारी ने मामले में कथित वीआईपी की भूमिका की जांच की मांग उठाते हुए कहा कि दुष्यंत कुमार को सलाखों के पीछे होना चाहिए। परिवार का कहना है कि मामले से जुड़े सभी सवालों की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और दोषियों के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जानी चाहिए।

क्या है अंकिता भंडारी हत्याकांड?
सितंबर 2022 में उत्तराखंड के पौड़ी गढ़वाल जिले के वनंतरा रिजॉर्ट में काम करने वाली 19 वर्षीय अंकिता भंडारी की हत्या कर दी गई थी। इस मामले में रिजॉर्ट संचालक पुलकित आर्य और उसके दो सहयोगियों को अदालत ने दोषी ठहराते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई थी।
हालांकि, मामले में कथित वीआईपी की भूमिका को लेकर लंबे समय से सवाल उठते रहे हैं। अंकिता के माता-पिता इस पहलू की जांच और मामले से जुड़े सवालों के स्पष्ट जवाब देने की मांग कर रहे हैं।
न्याय की मांग को लेकर फिर चर्चा में मामला
अंकिता भंडारी हत्याकांड उत्तराखंड में महिला सुरक्षा और न्याय व्यवस्था से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों में शामिल रहा है। परिवार की मांग है कि मामले के हर पहलू की निष्पक्ष जांच हो और यदि किसी अन्य व्यक्ति की संलिप्तता सामने आती है, तो उसके खिलाफ भी कानून के अनुसार कार्रवाई की जाए।
नोट: कथित वीआईपी की भूमिका से जुड़े आरोपों को न्यायिक रूप से सिद्ध तथ्य नहीं माना जाना चाहिए। किसी भी व्यक्ति की आपराधिक जिम्मेदारी का निर्धारण जांच और न्यायिक प्रक्रिया के आधार पर होगा।
