Spread the love

सरकार ने परिवहन निगम व निजी बसों में सफर महंगा कर दिया है। कोरोना संक्रमण के मद्देनजर सुरक्षित शारीरिक दूरी का अनुपालन सुनिश्चित करने के लिए बसें पचास फीसद क्षमता तक ही सवारी बिठा सकती हैं, लिहाजा सरकार ने बस किराया दोगुना कर दिया है। इससे परिवहन निगम व निजी बस संचालकों को राहत मिली है तो आमजन पर किराया दोगुना हो जाने से मार भी पड़ी है। शासन ने किराया दोगुना करने के साथ ही परिवहन निगम को इस किराये पर 20 प्रतिशत तक कर्मचारी कल्याण अधिभार के रूप में अलग से लेने को भी अधिकृत किया है। यह भी स्पष्ट किया गया है कि कोरोना संक्रमण के कारण लागू महामारी एक्ट के निष्प्रभावी होने की घोषणा के बाद यह बढ़ा हुआ किराया स्वत: ही पूर्ववत हो जाएगा। कैबिनेट ने प्रदेश में ऑनलाइन टैक्सी सेवा के संचालन को उत्तराखंड ऑन डिमांड (सूचना प्रौद्योगिकी आधारित) ठेका गाड़ी द्वारा परिवहन नियमावली 2020 को भी मंजूरी प्रदान कर दी है।

गुरुवार को सचिवालय में मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में कई अहम फैसले लिए गए। कैबिनेट फैसलों की जानकारी देते हुए शासकीय प्रवक्ता व कैबिनेट मंत्री मदन कौशिक ने बताया कि प्रदेश में कोरोना के कारण लॉकडाउन के दौरान से ही सार्वजनिक वाहनों के संचालन पर रोक लगी हुई थी। अनलॉक वन में सरकार ने वाहनों को पचास प्रतिशत यात्री क्षमता के साथ चलाने के निर्देश दिए। इसके साथ ही सरकार ने इन्हें राहत देते हुए तीन माह के टैक्स से भी छूट द

बावजूद इसके सार्वजनिक वाहनों का संचालन न के बराबर हुआ। वाहन स्वामी पूरे वर्ष का टैक्स माफ करने और किराया दोगुना करने की मांग कर रहे थे। इसे कैबिनेट ने मंजूरी दे दी है। यह निर्णय लिया गया है कि नगर निगम या नगर पालिका क्षेत्र के बाहर चलाई जाने वाली निजी व परिवहन निगम की बसों का किराया मौजूदा किराया से दोगुना रहेगा। इसमें साधारण बसों का किराया 1.05 रुपये प्रति किमी से बढ़ाकर 2.10 रुपये प्रति किमी कर दिया गया है।

वहीं पर्वतीय मार्ग पर यह किराया 1.50 रुपये प्रति किमी से बढ़ाकर 3.00 रुपये प्रति किमी किया गया है। इसी प्रकार एसी व वॉल्वो बसों का किराया भी दोगुना किया गया है। इसके अलावा सिटी बसों, यानी नगर निगम केंद्र से 30 किमी के दायरे में किराए की दरें भी दोगुना कर दी गई है। पहले दो किमी पर किराया सात रुपये था, इसे बढ़ाकर अब 14 रुपये कर दिया गया है। कांटेक्ट कैरिज वाहनों के किराये के संबंध में कोई निर्णय नहीं लिया गया। यानी, विक्रम, ऑटो, टैक्सी, मैक्सी व ई-रिक्शा पूर्व निर्धारित दरों पर ही संचालित होंगे।


Spread the love

By udaen

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You missed