जिलाधिकारी सी रविशंकर की अध्यक्षता में जिलाधिकारी शिविर कार्यालय में जिला गंगा सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित हुई।
प्रेस नोट देहरादून दिनांक 04 जनवरी 2020, जिलाधिकारी सी रविशंकर की अध्यक्षता में जिलाधिकारी शिविर कार्यालय में जिला गंगा सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित हुई। बैठक में जिलाधिकारी ने निर्माण एवं अनुरक्षण इकाई पेयजल निगम, उत्तरखण्ड जल संस्थान, सिंचाई खण्ड देहरादून जैसी कार्यदायी एजेंसियों तथा परियोजना प्रबन्धक स्वजल/जिला विकास अधिकार, वन विभाग, नगर निगम और ऋषिकेश से राष्ट्रीय ग्रीन ट्रिब्युनल (एनजीटी) की गाईडलाइन व दिशा निर्देशों के अनुरूप निर्माण कार्य तेजी से पूरे करने के निर्देश दिये। साथ ही जो कार्य पूर्ण हो चुके हैं उससे किस स्तर का सुधार हुआ है तथा किये जाने वाले कार्यों से होने वाले सुधार से जनमानस को भी विभिन्न माध्यमों से अवगत करानें के निर्देश दिये। उन्होंने नगर निगम ऋषिकेश को सफाई कर्मचारियों को पर्याप्त उपकरण के साथ कूड़ा निस्तारण और साफसफाई का कार्य करवाने तथा ठोस अपशिष्ठ के सुरक्षित निपटान से सम्बन्धित सभी कार्य अधिक सक्रियता से सम्पादित करवाने के निर्देश दिये। साथ ही कहा कि स्वच्छता एप्प को एक्टिवेट करते हुए उसको लगातार अपडेट भी करते रहें और स्वच्छता एप्प पर प्राप्त होने वाली शिकायतों का तेजी से समाधान करते हुए इसका आमजनमानस में प्रचारप्रसार भी करें। इसके अतिरिक्त घाटों को गोद लेने एवं सौन्दर्याीकरण के कार्यों के सम्बन्ध में नगर निगम को सम्बन्धित विभाग और कार्यदायी एजेंसियां से समन्वय करते हुए तत्काल इसका आकलन प्रस्तुत करने के निर्देश दिये। उन्होंने उप जिलाधिकारी ऋषिकेश को नगर निगम ऋषिकेश से आवश्यक समन्वय करते हुए इस कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिये। उन्होंने गंगा घाटो पर लगाये जाने वाले सूचना पट्टो, एलईडी स्क्रीन, साइन बोर्ड, वाल पेन्टिंग, स्पीकरों इत्यादि के डिजाईन का अपू्रवल लेते हुए चिन्हित जगहों पर लगाने के निर्देश भी दिये। जिलाधिकारी ने जनपद के शहरी क्षेत्र में उत्तराखण्ड पेयजल निगम देहरादून द्वारा पूर्व में निर्मित सीवरेज योजनाओं के कार्यो को शीघ्रता से पूर्ण करते हुए सम्बन्धित को हस्तांतरित करने के भी निर्देश दिये। उन्होंने उप जिलाधिकारी ऋषिकेश व नगर निगम ऋषिकेश को पुलिस विभाग के समन्वय से परमार्थ निकेतन अथवा अन्य स्थानों पर यदि किसी प्रकार का अतिक्रमण हो तो उसे अतिक्रमणमुक्त करने की कार्यवाही अमल में लाने को कहा। साथ ही वन विभाग को भी उनकी भूमि पर यदि किसी प्रकार का अतिक्रमण हो तो पुलिस, नगर निगम, राजस्व विभाग का अपेक्षित सहयोग लेते हुए इसको हटाने की कार्यवाही सुनिश्चित करें। जिलाधिकारी ने उत्तराखण्ड पेयजल निगम ऋषिकेश निर्माण एवं अनुरक्षण इकाई (गंगा) को आई.एण्ड.डी एवं 26 एमएलडी, एसटीपी और सीवर संयोजन के कार्यों, उत्तराखण्ड जल संस्थान को सीवर संयोजन, सैप्टिक टैंक से सजल निस्तारण, नालों की टैपिंग के साथ ही होटल, धर्मशाला, आश्रम के अनुसार शीघ्र संयोजन से सम्बन्धित कार्यों को तेजी से करने के निर्देश दिये।
