पेरोल आंकड़े : ईपीएफओ ने दिसंबर 2020 में 12.54 लाख नए सदस्य जोड़े

श्रम और रोजगार मंत्रालय पेरोल आंकड़े : ईपीएफओ ने दिसंबर 2020 में 12.54 लाख नए सदस्य जोड़े ईपीएफओ ने 20 फरवरी 2021 को, अनंतिम पेरोल आंकड़े जारी किए है। इसके अंतर्गत दिसंबर,2020 के माह में ईपीएफओ के साथ 12.54 लाख नए सदस्य जुड़ गए हैं। नवंबर, 2020 की तुलना इस महीने के नेट सब्सक्राइबर्स में 44% की वृद्धि हुई है। पेरोल डेटा की साल दर साल […]

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जल जीवन मिशन : स्‍कूलों तथा आंगनबाड़ी केन्‍द्रों में पीने के लिए पाइपयुक्‍त जल आपूर्ति उपलब्‍ध कराने की विशेष मुहिम को 31 मार्च, 2021 तक बढ़ाया गया

जल शक्ति मंत्रालय जल जीवन मिशन : स्‍कूलों तथा आंगनबाड़ी केन्‍द्रों में पीने के लिए पाइपयुक्‍त जल आपूर्ति उपलब्‍ध कराने की विशेष मुहिम को 31 मार्च, 2021 तक बढ़ाया गया जल जीवन मिशन के तहत विद्यालयों, आंगनबाड़ी केन्‍द्रों (एडब्‍ल्‍यूसी) तथा आश्रमशालाओं में नल जल कनेक्‍शन उपलब्‍ध कराने के लिए जल शक्ति मंत्रालय के 100 दिवसीय विशेष […]

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जीएसटी मुआवजे की कमी को पूरा करने के लिए राज्यों को जारी रकम एक लाख करोड़ पहुंची

वित्‍त मंत्रालय जीएसटी मुआवजे की कमी को पूरा करने के लिए राज्यों को जारी रकम एक लाख करोड़ पहुंची राज्यों को 5,000 करोड़ रुपये की 17वीं किश्त शुक्रवार, 19 फरवरी, 2021 को जारी की गई 91 प्रतिशत अनुमानित कमी जारी की गई वित्त मंत्रालय के व्यय विभाग ने वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) मुआवजे की कमी को पूरा करने के लिए शुक्रवार को राज्यों को 5,000 करोड़ रुपये की 17वीं किश्त जारी की है। इसमें से 4,730.41 करोड़ रुपये की राशि 23 राज्यों को तथा 269.59 करोड़ रुपये की राशि विधानसभा वाले 3 केंद्र शासित प्रदेशों (दिल्ली, जम्मू-कश्मीर और पुदुचेरी) को प्रदान की गई है, जो जीएसटी परिषद के सदस्य हैं। बकाया पांच राज्यों – अरुणाचल प्रदेश, मणिपुर, मिजोरम, नगालैंड और सिक्किम में जीएसटी कार्यान्वयन के कारण राजस्व का कोई अंतर नहीं है। अभी तक, राज्यों और विधानसभा वाले केंन्द्र शासित प्रदेशों को कुल अनुमानित जीएसटी मुआवजे की कमी की 91 प्रतिशत राशि जारी की जा चुकी है। इसमें से 91,460.34 करोड़ रुपये की राशि राज्यों को और विधानसभा वाले तीन केंद्र शासित प्रदेशों को 8,539.66 करोड़ रुपये की राशि जारी की गई है। भारत सरकार ने जीएसटी कार्यान्वयन के कारण पैदा हुई 1.10 लाख करोड़ रुपये की कमी को पूरा करने के लिए अक्टूबर 2020 में एक विशेष उधार विंडो स्थापित की थी। राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की ओर से भारत सरकार द्वारा इस विंडो के माध्‍यम से ऋण लिया जा रहा है। 23 अक्टूबर, 2020 से शुरू होने के बाद अब तक ऋण के 17 दौर पूरे हो चुके हैं। विशेष विंडो के तहत, भारत सरकार 3 साल और 5 साल के कार्यकाल के लिए सरकारी स्टॉक में उधार ले रही है। प्रत्येक टेनर के तहत किए गए उधार को जीएसटी क्षतिपूर्ति की कमी के अनुसार सभी राज्यों में समान रूप से विभाजित किया गया है। वर्तमान जारी राशि के साथ, 16 राज्यों और 2 केंद्र शासित प्रदेशों के लिए 5 साल के लिए लंबित जीएसटी अनुपात समाप्त हो गया है। ये राज्य/ केंद्रशासित प्रदेश को पहली किस्त से जीएसटी क्षतिपूर्ति जारी की जा रही थी। इस सप्ताह जारी की गई राशि राज्यों को उपलब्ध कराई गई धनराशि की 17वीं किश्त थी। इस सप्ताह यह राशि 5.5924 प्रतिशत की ब्याज दर पर उधार ली गई है। अभी तक केंद्र सरकार द्वारा इस विशेष उधार विंडो के माध्यम से 4.8307 प्रतिशत की औसत ब्याज दर पर 1,00,000 करोड़ रुपये की राशि उधार ली गई है। जीएसटी के कार्यान्वयन के कारण राजस्व में हुई कमी को पूरा करने के लिए विशेष ऋण विंडो के माध्यम से धन उपलब्ध कराने के अलावा भारत सरकार ने जीएसटी मुआवजे की कमी को पूरा करने के लिए विकल्प-1 चुनने वाले राज्यों को उनके सकल राज्य घरेलू उत्पाद (जीएसडीपी) के 0.50 प्रतिशत के बराबर अतिरिक्त ऋण लेने की अनुमति भी दी है, ताकि इन राज्यों की अतिरिक्त वित्तीय संसाधन जुटाने में मदद की जा सके। सभी राज्यों ने विकल्प-1 के लिए अपनी प्राथमिकता दी है। इस प्रावधान के तहत 28 राज्यों को 1,06,830 करोड़ रुपये (जीएसडीपी का 0.50 प्रतिशत) की पूरी अतिरिक्त राशि उधार लेने की अनुमति दी गई है। 28 राज्यों को दी गई अतिरिक्त ऋण अनुमति की राशि और विशेष विंडो के मार्फत जुटाई गई निधियों की राशि तथा राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को अभी तक जारी की गई राशि यहां संलग्न है। राज्यवार जीएसडीपी की 0.50 प्रतिशत की अतिरिक्त ऋण की अनुमति और 19 फरवरी, 2021 तक विशेष विंडो के मार्फत जुटाई गई तथा राज्यों तथा केंद्र शासित प्रदेशों को दी गई धनराशि – (करोड़ रुपये में)   […]

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यह समय एक राष्ट्र एक मानक अभियान में शामिल होने और भारत को वैश्विक मानदंडों में अग्रणी देश बनाने का समय।

उपभोक्‍ता कार्य, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय यह समय एक राष्ट्र एक मानक अभियान में शामिल होने और भारत को वैश्विक मानदंडों में अग्रणी देश बनाने का समय। रेल, वाणिज्य एवं उद्योग और उपभोक्ता मामले, खाद्य और सार्वजनिक वितरण मंत्री श्री पीयूष गोयल ने भारतीय मानक ब्यूरो (बीआईएस) के काम की समीक्षा की गुणवत्ता का […]

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राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (एनएफएसए) में 30 लाख लाभार्थियों को जोड़ा गया, और राज्य अधिक लाभार्थियों की पहचान करने की प्रक्रिया में

उपभोक्‍ता कार्य, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (एनएफएसए) में 30 लाख लाभार्थियों को जोड़ा गया, और राज्य अधिक लाभार्थियों की पहचान करने की प्रक्रिया में सचिव (खाद्य), खाद्य और सार्वजनिक वितरण विभाग ने गुजरात में एनएफएसए के क्रियान्वयन की समीक्षा की भारत सरकार की भंडारण क्षमता के आधुनिकीकरण की योजना, राज्य […]

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जिलाधिकारी डॉ विजय कुमार जोगदंडे ने आज कोटद्वार स्थित प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के तहत गाड़ीघाट में डिजिटल कर्व एंड हैंडीक्राफ्ट लघु उद्यम का निरीक्षण कर समुचित कार्यों की विस्तृत जानकारी ली

  जिलाधिकारी डॉ विजय कुमार जोगदंडे ने आज कोटद्वार स्थित प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के तहत गाड़ीघाट में डिजिटल कर्व एंड हैंडीक्राफ्ट लघु उद्यम का निरीक्षण कर समुचित कार्यों की विस्तृत जानकारी ली । उद्यम स्वामी शेवाल रावत ने समुचित कार्यों एवं सृजित रोजगार के बारे में विस्तृत जानकारी दी। कहा कि प्रधानमंत्री रोजगार सृजन […]

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